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  • Written By: Admin
  • Published: August 31, 2026 04:45 PM IST
राज्य

राज्य के युवाओं को दिया जाए कौशल एवं भाषा प्रशिक्षणः मुख्यमंत्री

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि विदेशों में उपलब्ध रोजगार के अवसरों और वहां की आवश्यकता के अनुरूप राज्य के युवाओं को कौशल एवं आवश्यक भाषा प्रशिक्षण दिया जाए,
सोमवार को यहां मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुख्यमंत्री आवास में जमैका में भारत के उच्चायुक्त मयंक जोशी, इथियोपिया में भारत के राजदूत देवेश उत्तम एवं जाम्बिया में भारत के उच्चायुक्त आलोक रंजन झा ने भेंट की। इस दौरान संबंधित देशों में रोजगार की संभावनाओं, कुशल मानव संसाधन की आवश्यकता तथा उत्तराखंड के युवाओं के लिए उपलब्ध अवसरों के संबंध में विस्तृत चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन देशों में जिन क्षेत्रों में रोजगार की अधिक संभावनाएं हैं और जहां कुशल मानव संसाधन की आवश्यकता है, उनकी जानकारी प्राप्त करने के लिए संबंधित भारतीय मिशनों के साथ नियमित समन्वय रखा जाए।
उन्होंने कहा कि विदेशों में उपलब्ध रोजगार के अवसरों और वहां की आवश्यकता के अनुरूप राज्य के युवाओं को कौशल एवं आवश्यक भाषा प्रशिक्षण दिया जाए, जिससे उन्हें वैश्विक स्तर पर रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध हो सकें। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड में होम स्टे के क्षेत्र में सराहनीय कार्य हुए हैं। विभिन्न देशों से आने वाले प्रतिनिधिमंडलों को राज्य के होम स्टे मॉडल से परिचित कराने के लिए होम स्टे का भ्रमण कराया जा सकता है। उन्होंने कहा कि फार्मा, उघोग, आयुर्वेद और वेलनेस के क्षेत्र में उत्तराखंड में अनेक संभावनाएं हैं। इन क्षेत्रों में राज्य की विशेषताओं और संभावनाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ावा देने की दिशा में भी प्रभावी प्रयास किए जाएं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के युवाओं में प्रतिभा और क्षमता की कमी नहीं है। उन्हें वैश्विक मांग के अनुरूप आवश्यक कौशल और प्रशिक्षण प्रदान कर रोजगार के बेहतर अवसरों से जोड़ा जा सकता है। उन्होंने अधिकारियों को विभिन्न देशों में कुशल मानव संसाधन की मांग और रोजगार की संभावनाओं का आकलन करते हुए युवाओं के प्रशिक्षण के लिए प्रभावी कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए। जाम्बिया में भारत के उच्चायुक्त आलोक रंजन झा ने कहा कि जाम्बिया में कुशल मानव संसाधन की व्यापक आवश्यकता है। शिक्षा और कृषि के क्षेत्र में वहां कार्य करने की अनेक संभावनाएं हैं। उन्होंने कहा कि जाम्बिया में जिन क्षेत्रों में कुशल मानव संसाधन की आवश्यकता है, उनके संबंध में राज्य सरकार को विस्तृत नोट उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने इस दिशा में हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया।
जमैका में भारत के उच्चायुक्त मयंक जोशी ने कहा कि जमैका में पर्यटन, स्वास्थ्य सेवा और कृषि के क्षेत्र में कार्य करने की अनेक संभावनाएं हैं। विशेष रूप से नर्सिंग के क्षेत्र में प्रशिक्षित मानव संसाधन की मांग है। इन क्षेत्रों की आवश्यकता के अनुरूप युवाओं को कौशल प्रशिक्षण देकर रोजगार के अवसरों से जोड़ा जा सकता है। इथियोपिया में भारत के राजदूत देवेश उत्तम ने कहा कि इथियोपिया में प्रबंधन और लॉजिस्टिक्स के क्षेत्र में कार्य करने की अनेक संभावनाएं हैं। फार्मास्युटिकल और फ्लोरीकल्चर के क्षेत्र में भी वहां बेहतर अवसर उपलब्ध हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार के अधिक से अधिक अवसर उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयासरत है। विदेशों में उपलब्ध रोजगार के अवसरों का लाभ उत्तराखंड के युवाओं को मिले, इसके लिए संबंधित देशों की आवश्यकताओं के अनुरूप युवाओं के कौशल विकास पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने कहा कि भारतीय मिशनों के साथ समन्वय बनाकर विदेशों में उपलब्ध रोजगार के अवसरों की जानकारी युवाओं तक पहुंचाने तथा उन्हें आवश्यक प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए सुनियोजित तरीके से कार्य किया जाए। इस अवसर पर प्रमुख सचिव आर.के. सुधांशु एवं सचिव विनय शंकर पांडेय उपस्थित थे।

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